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मंगलवार, 20 जनवरी 2026

अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में भारतीय संविधान और शास्त्रीय परंपराओं पर शोध प्रस्तुत करेंगे डॉ. अमरनाथ पासवान

मॉरीशस के मोका स्थित महात्मा गांधी संस्थान में 22–23 जनवरी को आयोजित होगा सम्मेलन।

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

वाराणसी। काशी हिंदू विश्वविद्यालय ( बीएचयू ) के सामाजिक विज्ञान संकाय के सामाजिक समावेशन अध्ययन केंद्र के सह-आचार्य डॉ. अमरनाथ पासवान आगामी 22-23 जनवरी को मॉरीशस के मोका स्थित महात्मा गांधी संस्थान में आयोजित अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन में भारतीय संविधान और शास्त्रीय परंपराएँ: धर्म, नीति और न्याय की भारतीय अवधारणाओं का तुलनात्मक अध्ययन” विषय पर अपना शोध प्रस्तुत करेंगे। सम्मेलन को आयोजित करने वाली संस्था मेडा आयुर-योग पीठा ने “JÑĂNA-SETU 2026: अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन” में शोध पत्र प्रस्तुत करने के लिए डॉ. अमरनाथ पासवान को आमंत्रित किया है।

सोमवार, 29 दिसंबर 2025

डॉ. ज्ञान प्रकाश मिश्रा को मिली BHU के पत्रकारिता विभाग की कमान, आदेश जारी

काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के कला संकाय के अधीन पत्रकारिता एवं जन संप्रेषण विभाग की अध्यक्ष डॉ. शोभना नेरलीकर का कार्यकाल आगामी 31 दिसम्बर को रहा खत्म।

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

वाराणसी। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के पत्रकारिता एवं जन संप्रेषण विभाग के सह-आचार्य डॉ. ज्ञान प्रकाश मिश्रा नये साल में विभागाध्यक्ष के रूप में विभाग की कमान संभालेंगे। विश्वविद्यालय प्रशासन ने आज इसकी अधिसूचना जारी की।

बुधवार, 24 दिसंबर 2025

BHU: आरक्षित वर्ग के शोधार्थियों का अनिश्चितकालीन धरना, जाति आधार पर सम्बद्ध महाविद्यालयों में भेजे जाने का आरोप

शोधार्थियों ने शैक्षिक सत्र (2024-25) के दौरान मुख्य परिसर स्थित इतिहास विभाग में शोध के लिए जमा किया था शुल्क। सम्बद्ध महाविद्यालयों में भेजे जाने के खिलाफ कर रहे विरोध। संवैधानिक आरक्षण के प्रावधानों के उल्लंघन का लगा रहे आरोप।

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

वाराणसी। काशी हिंदू विश्वविद्यालय (BHU) के इतिहास विभाग के 13 शोधार्थियों ने सोमवार को केंद्रीय कार्यालय के मुख्य द्वार पर अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया। उनका यह धरना अगले दिन भी जारी रहा। उनका आरोप है कि विश्वविद्यालय प्रशासन ने मुख्य परिसर स्थित इतिहास विभाग में प्रवेश हेतु उनसे फीस जमा कराया लेकिन आठ महीना बीत जाने के बाद उन्हें विश्वविद्यालय से सम्बद्ध महाविद्यालयों में प्रवेश दे दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि विश्वविद्यालय प्रशासन ने जाति आधार पर उनका प्रवेश सम्बद्ध महाविद्यालयों में किया है जो भारतीय संविधान में प्रदत्त समानता के अधिकार का उल्लंघन है। धरनारत शोधार्थियों ने पीएचडी प्रवेश प्रक्रिया में आरक्षण के प्रावधानों के उल्लंघन का आरोप भी लगाया है।

बुधवार, 17 दिसंबर 2025

पत्रकार शिव दास को संप्रेषण पत्रकारिता में मिली डॉक्टरेट उपाधि

डॉ. शिव दास ने 'मीडिया एजेंडा-सेटिंग ऑन रिजर्वेशन इश्यूज इन इंडिया (2005-2024): अ सोशियोलॉजिकल स्टडी' विषय पर किया है शोध।

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो 

सोनभद्र। रॉबर्ट्सगंज विकासखंड के तीनताली गांव निवासी पत्रकार शिव दास को काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के 105वें दीक्षांत समारोह के दौरान 'संप्रेषण पत्रकारिता' में डॉक्टरेट (पीएचडी) उपाधि प्रदान की गई। डॉ. शिव दास ने 'मीडिया एजेंडा-सेटिंग ऑन रिजर्वेशन इश्यूज इन इंडिया (2005-2024): अ सोशियोलॉजिकल स्टडी' विषय पर शोध किया है जो भारत की अकादमिक दुनिया में अपनी तरह का पहला शोध है। उन्होंने अपने शोध में आरक्षण पर मीडिया में प्रकाशित होने वाली खबरों की सामग्री और उसके प्रभाव का सामाजिकअध्ययन किया है।

गुरुवार, 11 दिसंबर 2025

चंदौली निवासी सत्यदेव प्रजापति को मिलेगी भारतीय अंग्रेज़ी साहित्य में डॉक्टरेट उपाधि

बलिया के सतीश चंद्र कॉलेज में अंग्रेजी विषय के सहायक आयार्य के रूप में कार्यरत हैं डॉ. सत्यदेव प्रजापति। 'पॉलिफोनिक नैरेटिव इन द राइटिंग दि अरविंद अडिगा ऐंड अरुंधती राय' विषय पर किया है शोध।

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

चंदौली। चहनिया विकासखंड के पपौरा गांव निवासी सत्यदेव प्रजापति को काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के 105वें दीक्षांत समारोह के दौरान भारतीय अंग्रेजी साहित्य में डॉक्टरेट की उपाधि प्रदान की जाएगी। डॉ. सत्यदेव प्रजापति ने 'पॉलिफोनिक नैरेटिव इन द राइटिंग दि अरविंद अडिगा ऐंड अरुंधती राय' विषय पर शोध किया है। इस शोध में उन्होंने भारतीय समाज में जाति व्यवस्था, ऊंच-नीच, वर्ग-भेद सरीखी सामाजिक कुरीतियों को उजागर करने और उनका समाधान ढूढ़ने की कोशिश की है। 

BHU के 105वें दीक्षांत समारोह में पत्रकार शिव दास को मिलेगी संप्रेषण पत्रकारिता में डॉक्टरेट उपाधि

डॉ. शिव दास ने 'मीडिया एजेंडा-सेटिंग ऑन रिजर्वेशन इश्यूज इन इंडिया (2005-2024): अ सोशियोलॉजिकल स्टडी' विषय पर किया है शोध।

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

सोनभद्र। रॉबर्ट्सगंज विकासखंड के तीनताली गांव निवासी पत्रकार शिव दास को काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के 105वें दीक्षांत समारोह में 'संप्रेषण पत्रकारिता' में डॉक्टरेट (पीएचडी) की उपाधि प्रदान की जाएगी। डॉ. शिव दास ने 'मीडिया एजेंडा-सेटिंग ऑन रिजर्वेशन इश्यूज इन इंडिया (2005-2024): अ सोशियोलॉजिकल स्टडी' विषय पर शोध किया है जो भारत की अकादमिक दुनिया में अपनी तरह का पहला शोध है। उन्होंने अपने शोध में आरक्षण पर मीडिया में प्रकाशित होने वाली खबरों की सामग्री और उसके प्रभाव का सामाजिकअध्ययन किया है।

गुरुवार, 13 अप्रैल 2023

BHU:'खरवार' जाति के हैं असिस्टेंट प्रोफेसर मनोज कुमार वर्मा, जिलाधिकारी की पुनरीक्षित जांच रिपोर्ट में जाति प्रमाण-पत्र मिला सही

डॉ. मनोज कुमार वर्मा
चंदौली के सकलडीहा थाना क्षेत्र के चतुर्भुजपुर निवासी अनंत नारायण मिश्रा ने काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के सामाज शास्त्र विभाग में कार्यरत असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. मनोज कुमार वर्मा पर अनुसूचित जनजाति (खरवार) का कूट रचित फर्जी प्रमाण-पत्र लगाकर एसटी (जनजाति) कोटे में असिस्टेंट प्रोफेसर की नियुक्ति लेने का लगाया था आरोप।

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

सोनभद्र। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (बीएचयू) के समाज शास्त्र विभाग में कार्यरत असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. मनोज कुमार वर्मा का 'खरवार' अनुसूचित जनजाति का निर्गत प्रमाण-पत्र वैध निकला है। जिलाधिकारी की जिला स्तरीय स्क्रूटनी कमेटी ने सोमवार को अपनी ही पूर्व की रिपोर्ट को खारिज करते हुए उनके प्रमाण-पत्र पर वैधानिकता की मुहर लगा दी। 

रविवार, 5 फ़रवरी 2023

पत्रकारिता जल्दबाजी में लिखा गया साहित्य है: प्रो. अरुण कुमार भगत


बिहार के मोतिहारी स्थित महात्मा गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय के आचार्य और बिहार लोक सेवा आयोग के सदस्य प्रो. अरुण कुमार भगत ने दिया 'पत्रकारिता में रचनाधर्मिता' पर व्याख्यान। काशी पत्रकारिता एवं जन संप्रेषण विभाग के सभागार में पद्मश्री प्रो. कमलाकर त्रिपाठी ने प्रो. अरुण कुमार भगत की पुस्तक 'पत्रकारिता: सर्जनात्मक लेखन और रचना प्रक्रिया' का किया लोकार्पण।

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

वाराणसी। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय का पत्रकारिता एवं जन संप्रेषण विभाग अपनी स्थापना की स्वर्ण जयंती के अवसर पर कार्यक्रमों की 'शब्द संवाद' श्रृंखला के तहत शनिवार को "पत्रकारिता में रचनाधर्मिता" विषय पर बिहार के मोतिहारी स्थित महात्मा गांधी केंद्रीय विश्वविद्यालय के मीडिया अध्ययन विभाग के पूर्व विभागाध्यक्ष एवं बिहार लोकसेवा आयोग के सदस्य प्रो. अरुण कुमार भगत के व्याख्यान का आयोजन किया। विभागीय सभागार में हुए इस कार्यक्रम के दौरान पद्मश्री प्रो. कमलाकर त्रिपाठी ने बतौर मुख्य अतिथि उनकी पुस्तक "पत्रकारिताः सर्जनात्मक लेखन और रचना प्रक्रिया" का लोकार्पण किया।

गुरुवार, 23 जून 2022

BHU अस्पताल के कैथलैब में चिकित्सा अधीक्षक ने जड़ा ताला, 200 मरीजों की टली सर्जरी

सर सुंदरलाल चिकित्सालय के हृदय रोग विभाग के अध्यक्ष प्रो. ओम शंकर ने पत्रकार वार्ता कर दी जानकारी। चिकित्सा अधीक्षक प्रो. के.के. गुप्ता पर लगाया पद का दुरुपयोग करने का आरोप। कहा- सर सुंदरलाल चिकित्सालय स्थित हृदय रोग विभाग की सुविधाओं को अपने मेडिसिन विभाग में मिलाना चाहते हैं चिकित्सा अधीक्षक। 24 घंटे के अंदर शताब्दी सुपर स्पेशिऐलिटी भवन (CSSB) स्थित कैथलैब वार्ड, सामान्य वार्ड और सीसीयू में नहीं खुला ताला तो चिकित्सा अधीक्षक के खिलाफ दर्ज कराएंगे FIR।

reported by SHIV DAS 

वाराणसी। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) स्थित सर सुंदरलाल चिकित्सालय (SSH) के चिकित्सा अधीक्षक प्रो. केके. गुप्ता और हृदय रोग विभाग के अध्यक्ष प्रो. ओम शंकर के बीच स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर चल रही रस्साकशी रुकने का नाम नहीं ले रही है। प्रो. ओम शंकर ने चिकित्सा अधीक्षक प्रो. केके गुप्ता पर शताब्दी सुपर स्पेशिऐलिटी भवन (CSSB) स्थित कैथलैब वार्ड, सामान्य वार्ड और सीसीयू में ताला बंद करने का आरोप लगाया है। साथ ही उन्होंने दावा किया है कि इसकी वजह से पिछले दो हफ्तों में हृदय रोग विभाग के 200 से ज्यादा मरीजों की सर्जरी टालनी पड़ी है। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि अगर 24 घंटों में एसएसबी स्थित कैथलैब वार्ड, सामान्य वार्ड और सीसीयू का ताला नहीं खुला तो वे चिकित्सा अधीक्षक प्रो. केके गुप्ता पर पद का दुरुपयोग करने समेत विभिन्न आरोपों के तहत पुलिस में प्रथम सूचना रपट (FIR) दर्ज कराएंगे।

रविवार, 8 मई 2022

EXCLUSIVE: BHU के असिस्टेंट प्रोफेसर पर FIR, अनुसूचित जनजाति वर्ग के फर्जी प्रमाण-पत्र पर नौकरी हथियाने का आरोप

सोनभद्र के जिलाधिकारी ने आरोपी असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. मनोज वर्मा का  अनुसूचित जनजाति वर्ग का जाति प्रमाण-पत्र किया निरस्त। चंदौली की चकिया तहसील के गरला गांव निवासी और अन्य पिछड़ा वर्ग की कहार जाति के डॉ. मनोज कुमार वर्मा ने सोनभद के रॉबर्ट्सगंज तहसील क्षेत्र के वैनी से अनुसूचित जनजाति वर्ग (ST) की खरवार जाति का बनवाया था प्रमाण-पत्र। अनूसूचित जनजाति वर्ग के फर्जी प्रमाण-पत्र पर काशी हिन्दू विश्वविद्यालय में पिछले छह साल से नौकरी कर रहा है आरोपी असिस्टेंट प्रोफेसर।  

reported by SHIV DAS

वाराणसी। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) के समाज शास्त्र विभाग में असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. मनोज कुमार वर्मा के खिलाफ छल-कपट, धोखाधड़ी और फर्जी दस्तावेजों के सहारे नौकरी हथियाने के आरोपों में प्रथम सूचना रपट (FIR) दर्ज हुई है। लंका थाना पुलिस ने गत सोमवार को बीएचयू के शोधार्थी अनंत नारायण मिश्रा की तहरीर पर यह एफआईआर दर्ज की है।

रविवार, 24 अप्रैल 2022

BHU:अंबेडकर जयंती मनाने और ब्राह्मणवाद के खिलाफ पोस्ट पर BCM से जुड़े छात्रों के साथ मारपीट, तहरीर के बाद भी दर्ज नहीं हुई FIR

भगत सिंह छात्र मोर्चा (BCM) से जुड़े अमन सिंह, अभिनव कुमार पाण्डेय और हरि प्रताप ने विश्वविद्यालय के छात्रों पर ही लगाया मारपीट करने का आरोप। तहरीर में लिखा- गोली मारकर गंगा में फेंकने की मिली धमकी। 

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

वाराणसी। अगर आप काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU)में अंबेडकर जयंती मनाते हैं और ब्राह्मणवाद के खिलाफ सोशल मीडिया पर पोस्ट लिखते हैं तो सावधान हो जाइए! विश्वविद्यालय में आपके साथ मारपीट हो सकती है। आपको गोली मारकर गंगा में फेंकने की धमकी मिल सकती है। ऐसा हम नहीं, काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) में सक्रिय वामपंथी छात्र संगठन 'भगत सिंह छात्र मोर्चा (BCM)'और उससे जुड़े छात्र कह रहे हैं। 

बुधवार, 7 जुलाई 2021

बनारस में भाजपा सरकार पर फूटा छात्रों और सामाजिक कार्यकर्ताओं का गुस्सा, स्टैन स्वामी की मौत को बताया 'राज्य प्रायोजित हत्या'

प्रतिरोध सभा में वक्ताओं ने की सभी राजनीतिक बंदियों की रिहाई की मांग

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

वाराणसी।आदिवासी अधिकारों के लिए संघर्ष करने वाले फादर स्टैन स्वामी की 'राज्य प्रयोजित हत्या' के खिलाफ आज लंका स्थित बीएचयू गेट के सामने एक प्रतिरोध सभा का आयोजन किया गया जिसमें वक्ताओं ने यूएपीए, एनएसए जैसे कानूनों को रद्द करने, सभी राजनैतिक कैदियों को रिहा करने, मजदूर और आदिवासी संगठनों पर लगाए गए प्रतिबंध को वापस लेने की मांग की।

रविवार, 7 मार्च 2021

पेड सीट पर आरक्षण नहीं देने के मामले में UGC ने BHU प्रशासन से मांगा जवाब

शोधार्थी राघवेंद्र यादव ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) से की थी शिकायत।
वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो
वाराणसी। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) में पेड सीटों पर आरक्षण नहीं दिए जाने के मामले को विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) ने गंभीरता से लिया है। आयोग ने विश्वविद्यालय के कुलपति को पत्र लिखकर बिंदुवार इस मामले में तत्काल जवाब मांगा है। आयोग ने यह कार्रवाई एक केंद्रीय विश्वविद्यालय के शोधार्थी राघवेंद्र यादव की शिकायत पर की है।

गुरुवार, 4 मार्च 2021

BHU: जातिगत भेदभाव और उत्पीड़न के खिलाफ दलित प्रोफेसर ने निकाला विरोध मार्च, कुलपति ने गठित की चार सदस्यीय कमेटी

काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) के पत्रकारिता एवं जन संप्रेषण विभाग में कार्यरत एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. शोभना नेरलीकर ने विश्वविद्यालय प्रशासन पर जातिगत भेदभाव और उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए महिलाओं और छात्रों संग तीसरे दिन भी दिया धरना। 

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

वाराणसी। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) प्रशासन की उपेक्षा और जातिगत भेदभाव से नाराज पत्रकारिता एवं जन संप्रेषण विभाग की दलित एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. शोभना नेरलीकर ने बुधवार को छात्रों, महिलाओं और समर्थकों संग विरोध मार्च निकाला और केंद्रीय कार्यालय के मुख्य द्वार के सामने धरना दिया। वहीं, कुलपति प्रो. राकेश भटनागर ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जैव रसायन विभाग के डॉ. एस. कृष्णा की अध्यक्षता में चार सदस्यीय कमेटी का गठन कर दिया जो 48 घंटे के अंदर दलित प्रोफेसर के आरोपों की जांच रिपोर्ट उन्हें सौंपेगी।

बुधवार, 3 मार्च 2021

BHU: धरने पर बैठी दलित शिक्षिका की प्रशासन ने की अनदेखी, आज निकालेंगी विरोध मार्च

काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) के पत्रकारिता एवं जन संप्रेषण विभाग की एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. शोभना नेरलीकर दूसरे दिन अपनी सात सूत्री मांगों के साथ धरने पर बैठीं। विश्वविद्यालय प्रशासन पर जाति आधार पर भेदभाव करने का लगाया आरोप। विश्वविद्यालय प्रशासन ने की अनदेखी। 

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

वाराणसी। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) में जाति आधार पर दलितों, आदिवासियों और पिछड़ों के उत्पीड़न और उनके अधिकारों के हनन का मामला थमने का नाम नहीं ले रहा है। विश्वविद्यालय के पत्रकारिता एवं जन संप्रेषण विभाग में कार्यरत दलित एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. शोभना नेरलीकर मंगलवार को भी केंद्रीय कार्यालय के मुख्य द्वार के सामने सात सूत्री मांगों के साथ धरने पर बैठीं लेकिन विश्वविद्यालय प्रशासन का कोई भी प्रसासनिक अधिकारी उनसे मिलने नहीं पहुंचा। उन्होंने देर शाम विश्वविद्यालय प्रशासन पर जाति आधार पर दलित महिला के उत्पीड़न की आवाज की अनदेखी का आरोप लगाते हुए बुधवार को विरोध मार्च निकालने की घोषणा कीं। उनके मुताबिक, इस विरोध मार्च को छात्रों के संगठन बहुजन छात्र संघ बीएचयू, ऑल इंडिया स्टुडेंट्स एसोसिएशन, एससी/एटी/ओबीसी/मॉइनॉरिटी संघर्ष समिति बीएचयू, भारतीय जनजागरण समिति वाराणसी, एसएआरसी महिला संगठन वाराणसी और भारतीय जनजागरण समिति वाराणसी का समर्थन मिला है।

मंगलवार, 2 मार्च 2021

BHU की दलित शिक्षिका से अनुभाग अधिकारी ने की बदसलूकी, धरने पर बैठीं

पत्रकारिता एवं जन संप्रेषण विभाग में कार्यरत एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. शोभना नेरलीकर ने केंद्रीय कार्यालय के अनुभाग अधिकारी (अवकाश) सुरेंद्र मिश्रा पर लगाया जाति के आधार पर उत्पीड़न और बदसलूकी का आरोप। 

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

वाराणसी। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) की एक दलित शिक्षिका सोमवार को शिक्षण एवं प्रशासन अनुभाग के अनुभाग अधिकारी (अवकाश) पर बदसलूकी और उत्पीड़न का आरोप लगाते हुए कार्यालय में ही धरने पर बैठ गईं। इससे विश्वविद्यालय प्रशासन में हड़कंप मच गया। प्राक्टोरियल बोर्ड के सदस्यों ने शिक्षिका को बहुत समझाने की कोशिश की लेकिन वह आरोपी अनुभाग अधिकारी द्वारा माफी मांगे जाने और उनके सर्विस बुक में दर्ज लीव-विदाउट-पे को रेगुलर सर्विस के रूप में परिवर्तित किए जाने तक धरना पर बैठे रहने पर अड़ी रहीं। प्रशासनिक अधिकारियों और प्राक्टोरियल बोर्ड के सदस्यों के करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद आरोपी अनुभाग अधिकारी ने शिक्षिका से माफी मांगी लेकिन देर शाम तक उनके सर्विेस बुक में दर्ज लीव-विदाउट-पे को रेगुलर सर्विस के रूप में परिवर्तित नहीं किया जा सका। इससे नाराज शिक्षिका केंद्रीय कार्यालय के प्रवेश द्वार के सामने धरने पर बैठ गईं और देर शाम तक वहीं बैठी रहीं।

BHU: आवेदन शुल्क में बढ़ोत्तरी को लेकर गरमाई छात्र राजनीति, छात्रों ने बढ़े शुल्क को वापस लेने के लिए दिया ज्ञापन

काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) ने अपने अधीन स्कूलों और शोध पाठ्यक्रमों के आवेदन शुल्क में 33 फीसदी से लेकर 78 फीसदी तक की है बढ़ोत्तरी। वनांचल एक्सप्रेस ने सोमवार की सुबह प्रकाशित की थी खबर। 

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

वाराणसी। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय के अधीन स्कूलों और शोध पाठ्यक्रमों के आवेदन शुल्क में हुई बढ़ोत्तरी को लेकर विश्वविद्यालय परिसर की छात्र राजनीति गरमा गई है। शोध छात्र भुवाल यादव की अगुआई में दर्जनों छात्रों ने सोमवार को विश्वविद्यालय प्रशासन को ज्ञापन देकर बढ़े शुल्क को वापस लेने और शोध पाठ्यक्रमों में आवेदकों से ली गई बढ़ी हुई धनराशि संबंधित बैंक उकाउंट में वापस करने की मांग की। छात्रों ने शोधार्थियों के फेलोशिप की धनराशि को उनके बैंक खाते में बिल जमा होने के बाद जल्द से जल्द भेजने की भी मांग की। छात्रों का आरोप था कि अनुभाग में फेलोशिप बिल जमा होने के 15 दिनों बाद तक भी फेलोशिप की धनराशि उनके खाते में ट्रांसफर नहीं हो पा रही है। साथ ही छात्रों ने चेतावनी दी कि अगर विश्वविद्यालय प्रशासन बढ़ी हुए आवेदन शुल्क को वापस नहीं लेता है तो वे बड़ा आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे। 

सोमवार, 1 मार्च 2021

BHU ने SET और RET के आवेदन शुल्कों में की 50 और 33 फीसदी की बढ़ोत्तरी, नर्सरी और LKG में 78 फीसदी से ज्यादा की वसूली

काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) प्रशासन के अधीन विद्यालयों, महाविद्यालयों, संस्थानों, संकायों और विभागों के विभिन्न पाठ्यक्रमों के प्रवेश शुल्क में 60 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी की आशंका। अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति वर्ग के लोगों पर सबसे ज्यादा मार। 

reported by शिव दास / SHIV DAS

वाराणसी। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के गढ़ के रूप में चर्चित काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) ने विद्यालयों और शोध पाठ्यक्रमों के आवेदन शुल्कों में क्रमशः 50 और 33 फीसदी की बढ़ोत्तरी कर दी है। नर्सरी और एलकेजी के आवेदन शुल्कों में यह बढ़ोत्तरी 78 फीसदी से भी ज्यादा है। आशंका है कि विश्वविद्यालय प्रशासन विभिन्न पाठ्यक्रमों के प्रवेश शुल्कों में भी करीब 60 प्रतिशत तक की बढ़ोत्तरी कर सकता है। 

शुक्रवार, 26 फ़रवरी 2021

रैदास का चिंतन एक समाज वैज्ञानिक का चिंतन हैः डॉ. अनीता भारती

संत शिरोमणि गुरु रविदास की 644वीं जयंती के मौके पर काशी हिन्दू विश्वविद्यालय परिसर स्थित केएन उडुप्पा सभागार में "भारत की वर्तमान समस्याओं के निवारण में संत रविदास के क्रांतिकारी चिंतन की भूमिका" विषक संगोष्ठी का हुआ आयोजन। 

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

वाराणसी। रैदास का जो चिंतन है, वह एक समाज वैज्ञानिक का चिंतन है। वे एक समाज वैज्ञानिक थे। सच में वह समाज के नायक थे। उन्होंने मध्यकाल में सामाजिक क्रांतिकारी चिंतन से समाज को उद्वेलित किया।

BHU UPDATE : धरनारत छात्रों को घसीटते हुए ले गई पुलिस, रिहाई के लिए छात्रों ने किया थाने का घेराव, देखें वीडियो

आशुतोष कुमार को हिरासत में लेती पुलिस
काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) को पूर्ण रूप से खोलने की मांग को लेकर लंका स्थित सिंह द्वार पर पिछले पांच दिनों से दे रहे थे धरना। छात्र नेता आशुतोष कुमार ने बृहस्पतिवार से शुरू किया था आमरण अनशन। 

वनांचल एक्सप्रेस ब्यूरो

वाराणसी। काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) को पूर्ण रूप से खोलने की मांग को लेकर लंका स्थित सिंह द्वार पर पिछले पांच दिनों से धरना दे रहे छात्रों को पुलिस आज सुबह करीब साढ़े छह बजे घसीटते हुए ले गई। इनमें आमरण अनशन पर बैठे छात्र नेता आशुतोष कुमार, अनुपम कुमार , सुमित यादव, पवन, अविनाश शामिल हैं। हिरासत में लिए जाने से पहले छात्रों और पुलिस प्रशासन के बीच हल्की झड़प भी हुई। छात्रों ने पुलिस प्रशासन से छात्रों की गिरफ्तारी से संबंधित नोटिस मांगा लेकिन उन्होंने उनकी एक न सुनी। घटना की जानकारी होते ही सैकड़ों की संख्या में छात्रों ने लंका थाने का घेराव कर दिया और छात्रों की तुरंत रिहाई की मांग की। छात्रों का आरोप है कि पुलिस ने धरनारत कुल आठ छात्रों को जबरन गिरफ्तार किया है। इनमें से कई छात्रों चोटित भी हुए हैं।